ठियोग/शिमला:
जिला शिमला पुलिस ने नशे के विरुद्ध छेड़े गए अपने अभियान के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने न केवल 34.440 ग्राम हेरोइन (चिट्टा) के साथ चार तस्करों को दबोचा, बल्कि तकनीकी जांच के आधार पर इस खेप के मुख्य सप्लायर को भी पंजाब के मानसा से गिरफ्तार कर लिया है।
गुप्त सूचना पर मत्याना में दबिश
पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, थाना ठियोग की टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि मत्याना क्षेत्र में एक बोलेरो कैंपर में सवार कुछ व्यक्ति नशे की खेप के साथ किसी बड़ी डील की फिराक में हैं। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घेराबंदी की और वाहन को ट्रैक किया। तलाशी के दौरान गाड़ी से 34.440 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ।

ये आरोपी हुए गिरफ्तार
वाहन में सवार चार आरोपियों की पहचान चांद प्रकाश (32) निवासी निरमंड, विजय कुमार (23) निवासी निरमंड, अभिषेक (24) निवासी ननखड़ी और कैलाश (26) निवासी निरमंड के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 21 और 29 के तहत मामला दर्ज किया है।

पंजाब से दबोचा गया मुख्य सप्लायर
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने केवल बरामदगी तक सीमित न रहकर इसके ‘बैकवर्ड लिंकेज’ (नशे के स्रोत) को खंगाला। कड़ियाँ जोड़ते हुए शिमला पुलिस की स्पेशल टीम पंजाब के मानसा पहुंची और वहां से मुख्य सप्लायर शिवदेव सिंह (30) पुत्र मिठू सिंह को गिरफ्तार किया। पुलिस आरोपी को ट्रांजिट रिमांड पर ठियोग लाई है, जहाँ उसे कोर्ट में पेश कर पुलिस रिमांड लिया जा रहा है। शिमला पुलिस के अनुसार, इस गिरफ्तारी से अंतर-राज्यीय तस्करी नेटवर्क की कमर टूटने की उम्मीद है।
शिमला पुलिस ने मत्याना में कार्रवाई करते हुए एक बोलेरो कैंपर से भारी मात्रा में चिट्टा बरामद किया। मामले में पुलिस ने पेशेवर जांच का नमूना पेश करते हुए तकनीकी विश्लेषण और पूछताछ के आधार पर पंजाब के मानसा जिले से मुख्य आरोपी शिवदेव सिंह को गिरफ्तार करने में सफलता पाई है।
पुलिस की यह कार्रवाई दिखाती है कि अब केवल ड्रग्स ले जाने वाले ही नहीं, बल्कि उन्हें सप्लाई करने वाले सरगना भी पुलिस की रडार पर हैं। पुलिस मामले में और भी खुलासे होने की उम्मीद जता रही है।








